जागने की दुआ (4 में से 3)
जागने की दुआ। सोने, जागने और ख़्वाब की दुआएँ।
“जागने की दुआ” के अंतर्गत कौन-सी दुआ है?
हिस्न अल-मुस्लिम में “जागने की दुआ” के अंतर्गत आने वाली 4 दुआओं में से एक इस तरह शुरू होती है: “Al-ḥamdu lillāhil-ladhī”, और इसका अर्थ है: “सारी प्रशंसा उस अल्लाह के लिए है जिसने”। स्रोत: At-Tirmidhi 5/473, और यह हिस्न अल-मुस्लिम में संकलित है।
जागने की दुआ: अरबी पाठ
उच्चारण (लिप्यंतरण)
Al-ḥamdu lillāhil-ladhī `āfānī fī jasadī, wa radda `alayya rūḥī, wa 'adhina lī bidhikrihi.
हिंदी अर्थ
सारी प्रशंसा उस अल्लाह के लिए है जिसने मेरे शरीर को स्वास्थ्य दिया और मेरी रूह मुझे लौटा दी और मुझे अपना ज़िक्र करने की इजाज़त दी।
कब और कैसे पढ़ें
हिस्न अल-मुस्लिम ने यह दुआ “जागने की दुआ” शीर्षक के अंतर्गत दी है।
स्रोत में दोहराने की कोई निश्चित संख्या नहीं दी गई है।
यह दुआ कहाँ से है?
यह दुआ हिस्न अल-मुस्लिम से है, जो क़ुरआन और सुन्नत की दुआओं का संग्रह है और सईद बिन अली अल-क़हतानी ने संकलित किया। स्रोत: At-Tirmidhi 5/473।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
“जागने की दुआ” के अंतर्गत कौन-सी दुआ है?
हिस्न अल-मुस्लिम में “जागने की दुआ” के अंतर्गत आने वाली 4 दुआओं में से एक इस तरह शुरू होती है: “Al-ḥamdu lillāhil-ladhī”, और इसका अर्थ है: “सारी प्रशंसा उस अल्लाह के लिए है जिसने”। स्रोत: At-Tirmidhi 5/473, और यह हिस्न अल-मुस्लिम में संकलित है।
“जागने की दुआ” की दुआ का अर्थ क्या है?
सारी प्रशंसा उस अल्लाह के लिए है जिसने मेरे शरीर को स्वास्थ्य दिया और मेरी रूह मुझे लौटा दी और मुझे अपना ज़िक्र करने की इजाज़त दी।
“जागने की दुआ” की दुआ कैसे पढ़ी जाती है?
उच्चारण (लिप्यंतरण): Al-ḥamdu lillāhil-ladhī `āfānī fī jasadī, wa radda `alayya rūḥī, wa 'adhina lī bidhikrihi.
“जागने की दुआ” की दुआ का स्रोत क्या है?
At-Tirmidhi 5/473। यह दुआ हिस्न अल-मुस्लिम में है, जो क़ुरआन और सुन्नत की दुआओं का संग्रह है।
संबंधित दुआएँ
- जागने की दुआالحَمْدُ لِلّهِ الّذي أَحْياناसारी प्रशंसा उस अल्लाह के लिए है जिसने हमें मौत देने के बाद ज़िंदगी दी और उसी की ओर लौटकर …
- जागने की दुआلا إلهَ إلاّ اللّهُ وَحْدَهُ لا شَريكَ له،अल्लाह के सिवा कोई इबादत के लायक़ नहीं, वह अकेला है, उसका कोई साझी नहीं, उसी की बादशाहत है…
- जागने की दुआإِنَّ فِي خَلْقِ السَّمَوَاتِ وَالأَرْضِ وَاخْتِلاَفِ اللَّيْلِबेशक आसमानों और ज़मीन की रचना और रात-दिन के बदलने में अक़्ल वालों के लिए निशानियाँ हैं। ˹व…
- सोने से पहले की दुआبِسْمِ اللَّهِ الرَّحْمَنِ الرَّحِيمِअल्लाह के नाम से जो बहुत मेहरबान, निहायत रहम वाला है। कहो: वह अल्लाह एक है। अल्लाह बेनियाज…