मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत

मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत। मरीज़ की इयादत, दर्द, जनाज़ा, ताज़ियत।

“मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” के अंतर्गत कौन-सी दुआ है?

“मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” के अंतर्गत आने वाली दुआ नीचे अरबी में दी गई है, और इसका अर्थ है: “जब कोई आदमी अपने बीमार मुसलमान भाई की इयादत को जाता है तो वह बैठने तक जन्नत के रास्ते पर चलता रहता…”। यह हिस्न अल-मुस्लिम से है, जो क़ुरआन और सुन्नत की दुआओं का संग्रह है।

मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत: अरबी पाठ

قَالَ صلى الله عليه وسلم: (إِذَا عَادَ الرَّجُلُ أَخَاهُ الْمُسْلِمَ مَشَى فِي خِرَافَةِ الْجَنَّةِ حَتَّى يَجْلِسَ، فَإِذَا جَلَسَ غَمَرَتْهُ الرَّحْمَةُ، فَإِنْ كَانَ غُدْوَةً صَلَّى عَلَيْهِ سَبْعُونَ أَلْفَ مَلَكٍ حَتَّى يُمْسِيَ، وَإِنْ كَانَ مَسَاءً صَلَّى عَلَيْهِ سَبْعُونَ أَلْفَ مَلَكٍ حَتَّى يُصْبِحَ)

हिंदी अर्थ

जब कोई आदमी अपने बीमार मुसलमान भाई की इयादत को जाता है तो वह बैठने तक जन्नत के रास्ते पर चलता रहता है, और जब बैठ जाता है तो रहमत उसे ढक लेती है। अगर सुबह आए तो सत्तर हज़ार फ़रिश्ते शाम तक उसके लिए दुआ करते हैं, और अगर शाम को आए तो सत्तर हज़ार फ़रिश्ते सुबह तक उसके लिए दुआ करते हैं।

कब और कैसे पढ़ें

हिस्न अल-मुस्लिम ने यह दुआ “मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” शीर्षक के अंतर्गत दी है।

स्रोत में दोहराने की कोई निश्चित संख्या नहीं दी गई है।

यह दुआ कहाँ से है?

यह दुआ हिस्न अल-मुस्लिम से है, जो क़ुरआन और सुन्नत की दुआओं का संग्रह है और सईद बिन अली अल-क़हतानी ने संकलित किया।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

“मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” के अंतर्गत कौन-सी दुआ है?

“मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” के अंतर्गत आने वाली दुआ नीचे अरबी में दी गई है, और इसका अर्थ है: “जब कोई आदमी अपने बीमार मुसलमान भाई की इयादत को जाता है तो वह बैठने तक जन्नत के रास्ते पर चलता रहता…”। यह हिस्न अल-मुस्लिम से है, जो क़ुरआन और सुन्नत की दुआओं का संग्रह है।

“मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” की दुआ का अर्थ क्या है?

जब कोई आदमी अपने बीमार मुसलमान भाई की इयादत को जाता है तो वह बैठने तक जन्नत के रास्ते पर चलता रहता है, और जब बैठ जाता है तो रहमत उसे ढक लेती है। अगर सुबह आए तो सत्तर हज़ार फ़रिश्ते शाम तक उसके लिए दुआ करते हैं, और अगर शाम को आए तो सत्तर हज़ार फ़रिश्ते सुबह तक उसके लिए दुआ करते हैं।

“मरीज़ की इयादत की फ़ज़ीलत” की दुआ का स्रोत क्या है?

यह दुआ हिस्न अल-मुस्लिम में है, जो क़ुरआन और सुन्नत की दुआओं का संग्रह है।

और दुआएँ: बीमारी, मौत और ताज़ियत · सभी दुआएँ